आजकल आपसे ....!
आजकल आपसे बात करने में ,
हिचकिचाहट-सी होंने लगी हैं ।
लगता है परायेपन की कोई
आहट - सी होंने लगी हैं ।
मशहुर थे किस्से हमारे
जिस गली - नुक्कड़ पर
आजकल वहाँ से गुज़रने में
कसमसाहट-सी होंने लगी हैं ।
आजकल आपसे बात करने में ,
हिचकिचाहट-सी होंने लगी हैं ।
बातें जो करते थे हमारी
दोस्ती और प्यार की
आजकल उनकी बातों में
फुसफुसाहट-सी होंने लगी हैं ।
आजकल आपसे बात करने में ,
हिचकिचाहट-सी होंने लगी हैं ।
No comments:
Post a Comment